Age is a number game only

सोचे सोच न होववेई , जे सोचे लख़बार।। भारतीय मीडिया का सबसे अधिक देखा जाने वाला हिंदी चैनल आजतक और उसके प्रोड्यूसर एंकर रोहित सरदाना।। इनके विशेष कार्यक्रम "दंगल" में शाम को पांच बजे अक्सर इन्हे भारतीय शैली की डिबेट्स में देखा जाता था।। बेशक पत्रकार या कोई भी मीडिया कर्मी किसी भी मुकाम पर पहुंच जाए लेकिन अंततः तो इंसान ही होता है और कितना भी निरपेक्ष पत्रकार होने का दावा करे किन्तु अपने मनोभावों को नहीं छुपा सकता।

शायद इसीलिए इन्हे मोड़ी समर्थक समझा जाता था किन्तु जीवन के साथ ही सभी विवाद या असहमतियां समाप्त हो जाती हैं।। इनके बुज़ुर्ग 1947 में दक्षिण पंजाब ( झंग, मुल्तान - वर्तमान पाकिस्तान ) से आकर कुरुक्षेत्र में बस गए थे और इन्होने अपनी शिक्षा भी वहीं से प्राप्त की।। इनके परिवार में पत्नी के अतिरिक्त छोटी सी बेटी है जिनके दुख का केवल अहसास किया जा सकता है।। News Number परिवार इनकी आत्मा की शांति तथा परिवार को दुख सहने की शक्ति प्रदान करने के लिए प्रार्थना करता है।।