चाइना डोर को लेकर एसडीएम की दबिश, नहीं मिली चाइनीज डोर

Last Updated: Jan 10 2018 19:19

लोहड़ी पर्व पर पतंगबाजी में चाइना डोर के इस्तेमाल पर रोक लगाने के मकसद से एसडीएम कपूरथला डा. नयन भुल्लर ने शहर में पतंगों की डोर बेचने वाली दुकानों पर औचक दबिश दी। इस दौरान किसी भी दुकान से चाइना डोर तो नहीं मिली, लेकिन एसडीएम ने दुकानदारों को चाइना डोर न रखने की हिदायत की। उन्होंने कहा कि बहुत अच्छी बात है कि यहां पर चाइना डोर नहीं बिक रही है, लेकिन ऐसा न हो कि बाद में चाइना डोर लाकर बेचने लगे। यदि भविष्य में किसी के पास भी चाइना डोर मिलती है तो उसके ख़िलाफ़ सख़्त कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।

उन्होंने बताया कि ज़िला मैजिस्ट्रेट मोहम्मद तैय्यब की तरफ से पहले से ही जिले में अंदर पतंग उड़ाने के लिए सिंथेटिक/नाइलोन से बनी डोर (चाइना डोर) और सिंथेटिक मांझा लगी डोर बेचने, खरीदने, स्टोर करने और प्रयोग करने पर मुकम्मल तौर पर पाबंदी लगाई गई है। उन्होंने कहा कि चाइना डोर सूती धागे से हटकर प्लास्टिक की बनी होती है, जो काफ़ी मज़बूत होती है, जिससे साथ पतंग उड़ाने वालों के हाथ और उंगलियां कटने, साइकिल और स्कूटर चालकों के गले और कान कटने आदि की घटनाएं घटती हैं। यह डोर मानवीय जीवन और पक्षियों के लिए बेहद घातक सिद्ध होती है। इसलिए इसके इस्तेमाल को रोकने के लिए लगातार चेकिंग की जाएगी। इस मौके पर सुपर‌िंटेंडेंट सुरजीत कौर, एएसआई रौणकी राम, योगेश तलवाड़, प्रदीप कुमार समेत पुलिस टीम मौजूद थे।