अब धरना-प्रदर्शन के दौरान हुल्लड़बाजी पड़ेगी महंगी

Mahesh Kumar
Last Updated: Jan 06 2018 20:50

अब धरना-प्रदर्शन के दौरान हुल्लड़बाजी महंगी पड़ेगी। इस दौरान हथियार लहराते हुए सार्वजनिक संपति और जानी नुक्सान की भरपाई भी करनी पड़ेगी। अब किसी मसले पर विरोध जताने के चलते आवेश में आकर उल्टे-सीधे हथकंडे अपनाने जेल भी पहुंचा देंगे, क्योंकि पंजाब सरकार ने किसी भी तरीके से प्रदर्शन व धरना देने से पहले जिला प्रशासन से बाकायदा लिखित अनुमति लेने को जरूरी कर दिया है। वहीं इस तरह के माहौल के दौरान नुकसान को रोकने के मकसद से जिले में बेहद शांतमयी ढंग से प्रदर्शन करने के लिए बाकायदा जगह निर्धारित कर दी गई हैं।  केवल सरकारी या गैर-सरकारी संस्थाएं ही नहीं, बल्कि राजनीतिक पार्टियों के लिए भी यह प्रक्रिया अमल में लानी अनिवार्य कर दी गई है।

डीसी कपूरथला मोहम्मद तैय्यब ने पंजाब सरकार के ऐसे आदेशों की पुष्टि करते हुए बताया कि उपमंडल कपूरथला के लिए शालामार बाग, अमृतसर रोड, कपूरथला, उपमंडल फगवाड़ा के लिए नगर सुधार ट्रस्ट फगवाड़ा के सामने स्थित हरगोबिंद नगर, उपमंडल सुलतानपुर लोधी के लिए बस अड्डा सुलतानपुर लोधी में गुरुद्वारा अंतरयामता वाली साइड और उपमंडल भुलत्थ के लिए दाना मंडी नं-एक भुलत्थ और दाना मंडी फोकल प्वाइंट गांव रामगढ (फसलों के ख़रीद सीजन के दौरान बस स्टैंड भुलत्थ) धरने के लिए स्थान निर्धारित किए गए हैं। यह स्थान इस तरह से चुने गए हैं, जिससे धरने प्रदर्शन के दौरान आम लोगों को किसी भी तरह की कोई परेशानी न झेलनी पड़े। डीसी ने बताया कि यह आदेश पंजाब सरकार के राजस्व व पुनर्वास विभाग की तरफ से सिविल रिट पटीशन नं. 28061 वरिंदर पाल सिंह बनाम पंजाब सरकार के संदर्भ में जारी किए गए हैं। 

उन्होंने बताया कि उक्त स्थान केवल और केवल शांतमयी धरनों के लिए निर्धारित किए गए हैं। इसके लिए प्रदर्शनकारियों को धरने से पहले संबंधित उपमंडल मैजिस्ट्रेट से धरने देने की अग्रिम अनुमति लेनी पड़ेगी। धरने-प्रदर्शन के दौरान प्रदर्शनकारी किसी भी तरह का चाकू, लाठी या कोई और हथियार या तेजधार हथियार लेकर नहीं शामिल होगा। धरने के दौरान धरना देने वाली संस्था/पार्टी को यह लिखित देना पड़ेगा कि यह धरना पूरी तरह से शांतमयी होगा और धरना प्रदर्शन के दौरान किसी भी तरह के ग़ैर-कानूनी काम के कारण होने वाले जानी या माली नुकसान की भरपाई के लिए संस्था पूरी तरह से जिम्मेदार रहेगी। डीसी ने कहा कि अक्सर ऐसे प्रदर्शनों के दौरान कुछ शरारती लोग सार्वजनिक और निजी संपत्ति को नुकसान पहुंचाते हैं। जिससे सरकारी और गैर-सरकारी संपत्ति का नुकसान होता है, लेकिन उसके बाद संबंधित व्यक्ति को ढूंढ निकाला मुश्किल होता है। इसलिए पंजाब सरकार ने प्रदर्शन के लिए यह सख्त हिदायतें जारी की हैं।