12 साल की ब्रेन डेड बच्ची ने दी 5 लोगों को नई जिंदगी

Last Updated: Jun 14 2018 20:01

पुणे में हुए एक सड़क हादसे में एक बुजुर्ग महिला, ड्राइवर और एक बच्चे की मौके पर ही मौत हो गई थी। इलप्पा ने बताया कि वह पूरे परिवार के साथ कार से पुणे जा रहे थे। कार चलाते समय अचानक ड्राइवर की आंख लग गई और कार अनियंत्रित होकर खाई में गिर गई। इस हादसे में ड्राइवर, इलप्पा के एक बेटे और उसकी मां की मौके पर ही मौत हो गई थी जबकि वह खुद, उसकी पत्नी और उनकी 12 साल की बेटी घायल हो गए थे। गंभीर हालत में उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया, बेटी की हालत नाजुक होने की वजह से पुणे के अस्पताल ने उसे मुंबई के कोहिनूर अस्पताल में रेफर कर दिया था। 

वहां 8 दिन तक उसका अस्पताल में इलाज चला। जिसके बाद डॉक्टरों ने इलप्पा की बेटी को ब्रेन डेड घोषित कर दिया। डॉक्टरों ने उन्हें सुझाव दिया कि वह चाहें तो बेटी के अंगों को दान करके दूसरे लोगों की जिंदगी बचा सकते हैं। इस सुझाव को गंभीरता से लेते हुए इलप्पा ने बेटी के अंगदान का फैसला लिया। डॉक्टरों ने उनकी बेटी के दोनों गुर्दे, जिगर, दिल और फेफड़ों से 5 लोगों को नई जिंदगी दी है।